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*जितिया महापर्व: पत्थलगांव में माताओं ने रखा निर्जला व्रत, बच्चों की लंबी उम्र के लिए गूंजीं प्रार्थनाएं*

*जितिया महापर्व: पत्थलगांव में माताओं ने रखा निर्जला व्रत, बच्चों की लंबी उम्र के लिए गूंजीं प्रार्थनाएं*

 

सम्पादक श्याम नारायण गुप्ता 

*पत्थलगांव।* संतान की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि के लिए मनाए जाने वाले जितिया महापर्व पर पत्थलगांव में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। सुबह से ही घर-घर में व्रतधारी माताओं ने निर्जला उपवास रखा और शाम को जितिया माता की कथा का श्रवण किया।

*कथा और परंपरा का संगम*

परंपरा के अनुसार माताओं ने जितिया देव की कथा सुनी और विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। बच्चों के माथे पर टीका लगाकर माताओं ने उनकी दीर्घायु, स्वास्थ्य और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। कई घरों में बुजुर्ग महिलाओं ने नई पीढ़ी को व्रत की विधि और महत्व समझाया।

*मंदिरों में उमड़ी भीड़*

क्षेत्र के मंदिरों और पूजा स्थलों पर श्रद्धालु माताओं की भारी भीड़ देखी गई। शाम को सामूहिक कथा वाचन के दौरान पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। महिलाओं ने एक-दूसरे को पर्व की शुभकामनाएं दीं।

*अगले दिन पारण*

व्रतधारी माताओं ने अगले दिन सूर्योदय के बाद विधिवत पारण किया। बच्चों ने भी मां के व्रत के प्रति सम्मान जताते हुए आशीर्वाद लेंगी।

*उत्साह का माहौल*

पत्थलगांव सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में पर्व को लेकर खासा उत्साह देखा गया। बाजारों में पूजा सामग्री की खरीदारी के लिए भीड़ उमड़ी रही। यह पर्व मां और संतान के अटूट बंधन का प्रतीक माना जाता है।

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